लखीमपुर: बेलरायां क्षेत्र में तेंदुए के हमले के बाद का खौफ—घटना ने पूरे क्षेत्र को दहला दिया। भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद पीड़ित परिवार के साथ हुआ खड़ा; एस डी एम को दिया ज्ञापन, मुआवजे की एवं कार्यवाही की मांग की।

लखीमपुरखीरी : बेलरायां रेंज क्षेत्र के जोगा सिंह फुटहा फार्म में शाम करीब 7 बजे एक खूंखार तेंदुए ने मासूम लड़की को अपना शिकार बना लिया था। इस दर्दनाक घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और भय का माहौल व्याप्त है।

बेलरायां रेंज में त्रासदी—चेतावनियों के बीच गई मासूम की जान📍 जोगा सिंह फुटहा फार्म, बेलरायां रेंज क्षेत्र 🕖समय:25मार्च, 2026 शाम करीब 7:00 बजे

ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कई दिनों से क्षेत्र में तेंदुए की लगातार गतिविधियां देखी जा रही थीं। इसकी सूचना संबंधित विभाग को कई बार दी गई, लेकिन ज़मीनी स्तर पर कोई ठोस और प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई। नतीजा—एक मासूम की मौत और पूरा गांव खौफ के साए में जीने को मजबूर।

घटना के बाद हालात यह हैं कि लोग अपने बच्चों को घर से बाहर भेजने से डर रहे हैं। शाम होते ही गांव में सन्नाटा छा जाता है और हर आहट पर लोग सहम उठते हैं।

भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद के नेतृत्व में ग्रामीणों की प्रमुख मांगें:
• तेंदुए को पकड़ने के लिए तत्काल विशेष अभियान चलाया जाए
• क्षेत्र में वन विभाग की 24×7 सक्रिय निगरानी सुनिश्चित हो
• पीड़ित परिवार को तत्काल उचित मुआवजा दिया जाए
• भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस और स्थायी उपाय किए जाएं

पीड़ित परिवार के संग अपर निदेशक युगुल किशोर व अन्य पदाधिकारी

पीड़ित परिवार की लड़ाई में उतरा भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद न्याय दिलाने का दिया भरोसा

भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद के राष्ट्रीय अध्यक्ष, सौरभ श्रीवास्तव, राष्ट्रीय प्रमुख सचिव नमन श्रीवास्तव, राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष रागिनी जी के दिशा निर्देश में युगुल किशोर, अपर निदेशक, लखीमपुर के साथ अन्य पदाधिकारी व सदस्यों ने पीड़ित के घर पहुंचकर सुनी पीड़ा, साथ ही हर स्तर पर मदद का आश्वासन दिया।

इस मामले में भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद (बीएमएसपी) ने मानवता का परिचय देते हुए पीड़ित परिवार के समर्थन में खुलकर सामने आकर न्याय दिलाने का भरोसा दिया है। भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद संगठन के जिला एवं तहसील स्तर के पदाधिकारी पीड़ित परिवार के घर पहुंचे और उनकी पीड़ा को गंभीरता से सुना। इस दौरान उन्होंने परिवार को हर संभव मदद और न्याय दिलाने के लिए हर स्तर पर संघर्ष करने का आश्वासन दिया। पदाधिकारियों ने स्पष्ट कहा कि यदि आवश्यकता पड़ी तो प्रशासन से लेकर उच्च अधिकारियों तक आवाज उठाई जाएगी, ताकि पीड़ित परिवार को इंसाफ मिल सके। मौके पर मौजूद अपर निदेशक युगल किशोर ने बताया कि पीड़ित परिवार की समस्याओं को लेकर एक विस्तृत ज्ञापन तैयार किया जा रहा है, जिसे संबंधित अधिकारियों को सौंपा जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि संगठन इस लड़ाई में पीछे नहीं हटेगा और पीड़ित परिवार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा रहेगा। इस अवसर पर जिला महासचिव अफजल, जिला मीडिया प्रभारी रजनीश तिवारी, तहसील महासचिव केशरी लाल निषाद, जिला सचिव शिवकुमार चौहान, मीडिया प्रभारी शशांक तिवारी, स्टार प्रचारक सुमित शुक्ला, सक्रिय सदस्य संतोष कुमार, जिला मीडिया प्रभारी अब्दुल हसन, निघासन मीडिया प्रभारी बलवंत यादव, प्रचारक जिब्राइल सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे। अंत में, जिला महासचिव अफजल ने कहा कि पीड़ित परिवार अब अकेला नहीं है। भारतीय मानवाधिकार सुरक्षा परिषद की पूरी टीम उसकी आवाज बनकर न्याय दिलाने के लिए हरसंभव प्रयास करेगी।

यह घटना स्थानीय सुरक्षा व्यवस्था और वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
शासन प्रशासन ने इस संवेदनशील मामले में सतर्क होकर तेजी और प्रभावशीलता के कदम उठाने का आश्वासन दिया है एवं पीड़ित परिवार को हर सम्भव मदद का भी आश्वासन दिया गया है।

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